
हरिद्वार। हरिद्वार में हुई मूसलाधार बारिश ने एक ओर लोगों को उमस और गर्मी से राहत दिलाई। वहीं दूसरी ओर उनका जनजीवन पूरी तरह अस्त -व्यस्त हो गया। लगातार बारिश के चलते कई इलाकों में जलभराव हो गया, जबकि कई प्रमुख मार्गों पर पेड़ गिरने से यातायात बंद हो गया। जगह-जगह लंबे जाम से लोगों को घंटों परेशानियों का सामना करना पड़ा। सूचना मिलते ही जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन, एसडीआरएफ, फायर सर्विस और अन्य राहत एवं बचाव दल मौके पर पहुंचे और गिरे हुए पेड़ों को हटाकर बंद पड़े मार्ग को जल्द से जल्द खुलवाया, जिससे यातायात को फिर से शुरू किया गया।
बारिश के बीच लक्सर के बसेड़ी क्षेत्र में एक निर्माणाधीन मकान के चारों ओर जलभराव होने से पिता-पुत्र पूरी रात उसमें फंस गए। सूचना मिलते ही कोतवाली लक्सर पुलिस और एसडीआरएफ रेस्क्यू टीम के साथ मौके पर पहुंची और पिता-पुत्र को सकुशल बाहर निकाला गया। रेस्क्यू किए गए दोनों व्यक्तियों की पहचान राम और उनके पुत्र संजय निवासी लक्सर के रूप में हुई।

उधर, हरिद्वार के ही विष्णु घाट रेलवे स्टेशन के पास काली कमली क्षेत्र में भारी बारिश के चलते एक मकान अचानक ढह गया, जिसके मलबे में चार लोग फंस गए। सूचना मिलते ही फायर सर्विस मायापुर की टीम ने तत्काल राहत व बचाव अभियान शुरू किया और सभी चार लोगों को सुरक्षित बाहर निकला गया। इनमें एक व्यक्ति बीमार था और चल-फिर नहीं सकता था, जिसे स्ट्रेचर की सहायता से सुरक्षित निकाला गया। फायर सर्विस की वजह से एक बड़ा हादसा होते- होते टल गया।
भारी बारिश के के चलते मौसम विभाग के अलर्ट के बाद जिला प्रशासन भी पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। पुलिस प्रशासन, फायर सर्विस और अन्य विभागों की टीम निगरानी बनाए हुए हैं। प्रशासन ने ग्राम प्रधानों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों से भी अपील की है कि वे नदी और नालों के किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क करें व आवश्यकता पड़ने पर उन्हें सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने में सहयोग करें। साथ ही जलभराव वाले क्षेत्रों, नदी-नालों और और अचानक गिरने वाले भवनों से दूर रहने तथा किसी भी आपात स्थिति में तुरंत प्रशासन, पुलिस या आपदा राहत एजेंसियों को सूचना देने की अपील की गई है।



