
देहरादून। देवभूमि उत्तराखंड की नवनिर्मित देहरादून म्यूजिक इंडस्ट्री द्वारा भारतीय संगीत जगत के अमर हस्ताक्षर,पूज्य किशोर कुमार (किशोर दा) की 39वीं पुण्यतिथि के पावन अवसर पर उत्तराखंड के इतिहास में पहली बार एक अभूतपूर्व और ऐतिहासिक संगीत अनुष्ठान आयोजित करने जा रही है।
कार्यक्रम के मुख्य प्रस्तावक व श्रृंखला सांस्कृतिक समूह के अध्यक्ष पीयूष निगम ने बताया कि इस महा-अनुष्ठान के तहत देहरादून म्यूजिक इंडस्ट्री व उत्तराखंड के लगभग 150 स्थानीय गायक, वादक और संगीतकार मिलकर किशोर दा को श्रद्धांजलि देने के लिए लगातार 39 घंटे नॉन स्टॉप उनके 500 से अधिक कालजयी गीतों को गाकर एक अनोखी ‘‘स्वरांजलि “प्रस्तुत करेंगे।
यह पूरा इवेंट मां गौरी ओल्ड एज होम के सहायतार्थ किया जा रहा है,जिसमें अपने स्वयं के घर से निकाले हुए बुजुर्ग आकर अपने इस नए इतने बड़े संगीत परिवार में खुशियां ही खुशियां पाएंगे।
इस पूरे इवेंट को श्रृंखला संस्कृत समूह के साथ पीयूष श्रीवास्तव व चारु त्यागी श्रीवास्तव की कंपनी जेम्स एक्सक्लूसिव के सहयोग से एक अद्भुत आयाम देने जा रही है, जिन्होंने पूर्व में मुंबई में एनडीटीवी के साथ “ग्रीनिथोन” व टेलीथोन” जैसे बड़े इवेंट किए हुए हैं, और इस बार देहरादून के विभिन्न गायको को साथ लेकर “म्यूजिकथोन” जैसा एक बेहतरीन इवेंट दे रहे हैं.
इस इवेंट की पूरी रूपरेखा, इतनी बड़ी संख्या में गायकों को दिन रात गाने के लिए विभिन्न टाइम स्लॉट में बांटकर, सबकी सीक्वेंसिंग कर एक बेहतरीन कार्य किया है।
यह दो दिवसीय म्यूजिकथोन का आयोजन प्रसिद्ध अटलांटिस क्लब पंडितवाड़ी में किया जा रहा है।
कार्यक्रम का शुभारंभ इंजीनियर नरेंद्र सिंह चौहान,योग गुरु शालिनी गुरुंग व मां गौरी ओल्ड एज होम की संस्थापिका प्रतिभा बहुगुणा जोशी द्वारा सामूहिक रूप से किया जाएगा।
ज्ञात हो कि विगत कई वर्षों से संस्था श्रृंखला सांस्कृतिक, सामाजिक,साहित्यिक शैक्षणिक व पर्यावरणीय क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान दें रही है।
विशेष कार्य करने पर लोगों को “श्रृंखला श्री सम्मान” से सम्मानित करती आ रही है। पूर्व में भी संस्था ने देहरादून में सुप्रसिद्ध गीतकार समीर अंजान, संतोष आनंद तथा लीजेंडरी गायक कुमार सानू , नरेंद्र सिंह नेगी (प्रसिद्ध लोक गायक), बसंती बिष्ट(लोक गायिका), डॉ इन्द्रजीत सिंह (अर्थशास्त्री व प्रसिद्ध फिल्म साहित्यकार), निशित गंगानी (प्रसिद्ध तबला बादक), हिमांशु दरमोड़ा (प्रसिद्ध शास्त्रीय गायक), बुद्धिनाथ मिश्र (राष्ट्रीय कवि,गीतकार) आदि महान हस्तियों को ‘‘श्रृंखला श्री उत्तराखंड रत्न’’ से भी सम्मानित भी कर चुकी है।
इसी कड़ी में संगीत के प्रति संपूर्ण समर्पण का यह प्रयास उत्तराखंड के सांस्कृतिक इतिहास में एक नया रिकॉर्ड स्थापित करने जा रहा है। इस कठिन और अनूठे साधना पर्व में सभी कलाकार बिना थके, बिना रुके पूरी श्रद्धा के साथ सुरों की आहुति देंगे। राज्य व देहरादून लगभग 20 म्यूजिकल ग्रुपों जिसमें ओल्ड इज़ गोल्ड के संदीप गुप्ता, व्याइस ऑफ देहरादून के बालेश गुप्ता, पल्स म्यूजिकल ग्रुप के डॉ विनोद गुप्ता,संगीत प्रेमी दिल से दिल तक के आशीष ठाकुर एवं मनीषा आले, गोंविद राईसिंग स्टार संगीत प्रेमी के प्रदीप राय एवं श्रीमती सुनीता क्षेत्री,सुर गंगा के कैप्टन बंसीलाल,सी एम जोशी व बी एन गोदियाल, स्वर संगम म्यूजिकल ग्रुप की सुमन डोभाल काला, गीत गाता चल के नीरज डंगवाल, तंरग के संदीप रावत ,लय झंकार से शीला,सतीश म्युजिकल ग्रुप सतीश कुमार, केरोके म्युजिकल ग्रुप के कमल खत्री, सुर संगम दिल से दिल तक लाईव म्युजिकल ग्रुप के दानिश सिद्की, आरूषी लाईव ओरकेस्ट्रा सिगिंग ग्रुप के श्रवन किशोर कुमार,
श्रृंखला सांस्कृतिक समूह के संजीव वर्मा,पीयूष निगम व अमित रावत ,सुर संगम के महेन्द्र सिंह राना, योर वाईस केरोके ग्रुप के सुभाष वोरा,संगीत का सफर सिगिंग ग्रुप के संदीप अग्रवाल, सरगम म्युजिकल ग्रुप के राहुल अग्रवाल और बीट्स ऑफ दून के राजेंद्र सिंहआदि कलाकारों ने इस महा यज्ञ में स्वरों की आहुति दी।
इस ऐतिहासिक और भावुक क्षण को और अधिक गरिमामयी बनाने के लिए संस्था ने किशोर दा के सुपुत्र श्री अमित कुमार जी से संपर्क कर देवभूमि के कलाकारों के लिए उनके विशेष आशीर्वाद, वीडियो संदेश और लिखित शुभकामना संदेश की कामना की है।
संस्था का उद्देश्य है कि अमित जी के अमूल्य हस्ताक्षर युक्त इस संदेश को प्रमाण पत्र के रूप में अनुष्ठान में भाग लेने वाले सभी समर्पित कलाकारों को स्मृति-चिह्न के तौर पर प्रदान किया जाए, जो भविष्य में उनका मार्गदर्शन और उत्साहवर्धन करेगा।
यह महा-अनुष्ठान न केवल उत्तराखंड के संगीत जगत को एक नई अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाएगा, बल्कि राज्य की युवा प्रतिभाओं के मनोबल को भी एक नए शिखर पर ले जाएगा। संपूर्ण दून घाटी और उत्तराखंड इस सुरमयी और ऐतिहासिक पल का साक्षी बनने के लिए बेहद उत्साहित हैं।



